23 अक्टूबर 2026 करेंट अफेयर्स | UPSC, UPPCS एवं BPSC | ARIvidya

तिथि: शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026 | परीक्षा उपयोगिता: UPSC, UPPCS, BPSC एवं अन्य राज्य PCS

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आज के करेंट अफेयर्स में अंतरराष्ट्रीय संबंध, विनिर्माण, जलवायु परिवर्तन, वायु प्रदूषण, रक्षा सहयोग, साइबर सुरक्षा और भारतीय अर्थव्यवस्था से जुड़े महत्त्वपूर्ण विषय शामिल हैं। प्रत्येक समाचार के तुरंत बाद प्रारंभिक परीक्षा का प्रश्न और मुख्य परीक्षा का अभ्यास प्रश्न दिया गया है।

1. भारत–पोलैंड: 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार दोगुना करने का लक्ष्य

भारत और पोलैंड ने वर्ष 2030 तक अपने द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य रखा है। दोनों देशों के बीच व्यापार का वर्तमान आधार लगभग 6 अरब अमेरिकी डॉलर बताया गया है। वार्ता में अंतरिक्ष, परिवहन, नवीकरणीय ऊर्जा और प्रौद्योगिकी में सहयोग पर चर्चा हुई। भारत–यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते से भी व्यापार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

प्रारंभिक परीक्षा प्रश्न: भारत–पोलैंड सहयोग के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. दोनों देशों ने 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार दोगुना करने का लक्ष्य रखा है।
  2. अंतरिक्ष और नवीकरणीय ऊर्जा सहयोग के संभावित क्षेत्र हैं।
  3. पोलैंड दक्षिण एशिया में स्थित है।

(क) केवल 1 और 2   (ख) केवल 2 और 3   (ग) केवल 1 और 3   (घ) 1, 2 और 3

उत्तर: (क) — पोलैंड यूरोप में स्थित है।

मुख्य परीक्षा अभ्यास (GS-2): भारत की यूरोप-केंद्रित आर्थिक कूटनीति में पोलैंड जैसे देशों की भूमिका का विश्लेषण कीजिए।

2. टनल बोरिंग मशीनें और घरेलू विनिर्माण

चीन ने टनल बोरिंग मशीनों (TBMs), वॉकिंग एक्सकेवेटर और उच्च-ऊँचाई पर उपयोग होने वाली वेट शॉटक्रीट मशीनों को निर्यात नियंत्रण सूची में शामिल किया है। चीन का वैश्विक TBM बाजार में लगभग 70% हिस्सा बताया गया है। इन मशीनों की उपलब्धता मुंबई–अहमदाबाद उच्च गति रेल परियोजना जैसी बड़ी अवसंरचना परियोजनाओं के लिए महत्त्वपूर्ण है। भारत के लिए चुनौती घरेलू उत्पादन को बढ़ाने और विदेशी तकनीकी साझेदारी बनाए रखने के बीच संतुलन बनाना है।

प्रारंभिक परीक्षा प्रश्न: टनल बोरिंग मशीनों का प्रमुख उपयोग क्या है?

(क) समुद्री जल का विलवणीकरण (ख) भूमिगत सुरंगों की खुदाई (ग) उपग्रह प्रक्षेपण (घ) फसल कटाई

उत्तर: (ख) — TBM नियंत्रित तरीके से भूमिगत सुरंगों की खुदाई करती है।

मुख्य परीक्षा अभ्यास (GS-3): महत्त्वपूर्ण मशीनरी और घटकों के लिए विदेशी आपूर्ति पर निर्भरता भारत की रणनीतिक स्वायत्तता को कैसे प्रभावित करती है? घरेलू विनिर्माण और तकनीकी साझेदारी के उपाय सुझाइए।

3. Emissions Gap Report 2026

संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (UNEP) की Emissions Gap Report 2026 का शीर्षक “The Point of Return” है। रिपोर्ट के अनुसार, अपर्याप्त वैश्विक उत्सर्जन कटौती के कारण 1.5°C तापमान-वृद्धि सीमा को पार करना लगभग अपरिहार्य होता जा रहा है। मौजूदा नीतियों के आधार पर 2100 तक लगभग 2.8°C तापमान-वृद्धि का अनुमान है, जबकि जलवायु प्रतिबद्धताओं के पूर्ण क्रियान्वयन से यह लगभग 2.1°C रह सकती है। रिपोर्ट में 2025 के स्तर की तुलना में वैश्विक उत्सर्जन को 2030 तक 18%, 2035 तक 45% और 2040 तक 69% घटाने की आवश्यकता बताई गई है।

प्रारंभिक परीक्षा प्रश्न: Emissions Gap Report कौन जारी करता है?

(क) विश्व व्यापार संगठन (ख) संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (ग) अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (घ) विश्व बैंक

उत्तर: (ख) — यह UNEP का वार्षिक आकलन है।

मुख्य परीक्षा अभ्यास (GS-3): वैश्विक जलवायु लक्ष्यों और देशों की वर्तमान उत्सर्जन नीतियों के बीच अंतर के कारणों तथा इसे कम करने के उपायों की चर्चा कीजिए।

4. दिल्ली-NCR में GRAP का पहला चरण

वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) के ‘खराब’ श्रेणी में पहुँचने के बाद वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने दिल्ली-NCR में ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) का चरण-I लागू किया। GRAP वायु प्रदूषण बढ़ने पर क्रमशः कड़े नियंत्रण उपाय लागू करने की व्यवस्था है। इसे 2016 में सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद विकसित किया गया और 12 जनवरी 2017 को अधिसूचित किया गया। CAQM एक वैधानिक निकाय है, जिसकी स्थापना 2021 के कानून के तहत हुई।

प्रारंभिक परीक्षा प्रश्न: GRAP का मुख्य उद्देश्य क्या है?

(क) जल प्रदूषण का नियंत्रण (ख) वायु गुणवत्ता बिगड़ने पर चरणबद्ध नियंत्रण उपाय (ग) वन्यजीव गणना (घ) औद्योगिक निर्यात बढ़ाना

उत्तर: (ख) — GRAP प्रदूषण के स्तर के अनुसार उपायों को क्रमशः सख्त करता है।

मुख्य परीक्षा अभ्यास (GS-3): दिल्ली-NCR में वायु प्रदूषण से निपटने में GRAP की उपयोगिता और इसकी कार्यान्वयन संबंधी सीमाओं का मूल्यांकन कीजिए।

5. बद्र रक्षा सहयोग समझौता

कतर, तुर्किये, पाकिस्तान और इंडोनेशिया ने दोहा में ‘बद्र’ रक्षा सहयोग समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। इसका उद्देश्य संयुक्त रक्षा उत्पादन, प्रौद्योगिकी हस्तांतरण, अनुसंधान एवं विकास तथा सैन्य तकनीकी प्रशिक्षण को बढ़ावा देना है। इस पहल में प्रत्येक देश की पूरक औद्योगिक क्षमताओं का उपयोग करने पर जोर है। उपलब्ध विवरण के अनुसार, यह समझौता सामूहिक रक्षा की बाध्यकारी प्रतिबद्धता स्थापित नहीं करता।

प्रारंभिक परीक्षा प्रश्न: बद्र रक्षा सहयोग पहल में कौन-सा उद्देश्य शामिल है?

(क) संयुक्त रक्षा उत्पादन और तकनीकी प्रशिक्षण (ख) साझा मुद्रा जारी करना (ग) सीमा शुल्क संघ बनाना (घ) संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद का विस्तार

उत्तर: (क) — समझौते का केंद्र रक्षा उद्योग और तकनीकी सहयोग है।

मुख्य परीक्षा अभ्यास (GS-2): पश्चिम एशिया और दक्षिण एशिया में उभरती रक्षा साझेदारियाँ क्षेत्रीय सुरक्षा संतुलन को किस प्रकार प्रभावित कर सकती हैं?

6. SBI ग्राहक डेटा और साइबर सुरक्षा

एक रिपोर्ट में डार्क वेब पर लगभग 3.75 लाख रिकॉर्ड में से 3,897 रिकॉर्ड में भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के ग्राहकों की निजी जानकारी मिलने की बात कही गई। उजागर विवरणों में मोबाइल नंबर, पते, जन्मतिथि और ऋण-संबंधी जानकारी शामिल बताई गई। ऐसी जानकारी का दुरुपयोग पहचान-आधारित धोखाधड़ी में हो सकता है। कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित उपकरण साइबर हमलों को तेज और बड़े पैमाने पर अंजाम देने की क्षमता बढ़ा सकते हैं। डिजिटल व्यक्तिगत डेटा संरक्षण अधिनियम, 2023 डेटा संरक्षण का महत्त्वपूर्ण विधायी ढाँचा है।

प्रारंभिक परीक्षा प्रश्न: डिजिटल व्यक्तिगत डेटा संरक्षण अधिनियम किस वर्ष पारित हुआ?

(क) 2019 (ख) 2021 (ग) 2023 (घ) 2025

उत्तर: (ग) — डिजिटल व्यक्तिगत डेटा संरक्षण अधिनियम, 2023 व्यक्तिगत डिजिटल डेटा के प्रसंस्करण से संबंधित ढाँचा प्रदान करता है।

मुख्य परीक्षा अभ्यास (GS-3): डिजिटल बैंकिंग के विस्तार के साथ साइबर सुरक्षा और नागरिकों के निजी डेटा की रक्षा के लिए आवश्यक संस्थागत एवं तकनीकी उपायों की चर्चा कीजिए।

7. कच्चे तेल की कीमतें और भारतीय अर्थव्यवस्था

पश्चिम एशिया के संघर्ष के बीच कच्चे तेल की कीमतों के 110 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल से ऊपर रहने का उल्लेख किया गया है। तेल आयात पर निर्भर भारत के लिए इससे आयात बिल, महँगाई और रुपये पर दबाव बढ़ने का जोखिम है। इसी अवधि में भारतीय शेयर बाजार में गिरावट और विदेशी मुद्रा भंडार में कमी की चिंता भी सामने आई। ऊँची ऊर्जा कीमतें परिवहन और उत्पादन लागत के माध्यम से व्यापक अर्थव्यवस्था को प्रभावित कर सकती हैं।

प्रारंभिक परीक्षा प्रश्न: कच्चे तेल की कीमतों में तेज वृद्धि का भारत पर संभावित प्रभाव क्या हो सकता है?

(क) आयात बिल और महँगाई पर दबाव बढ़ना (ख) तेल आयात स्वतः समाप्त होना (ग) परिवहन लागत का अनिवार्य रूप से शून्य होना (घ) रुपये का निश्चित रूप से मजबूत होना

उत्तर: (क) — आयातित तेल महँगा होने से चालू खाते, लागत और महँगाई पर दबाव बढ़ सकता है।

मुख्य परीक्षा अभ्यास (GS-3): भू-राजनीतिक संकटों के कारण ऊर्जा कीमतों में उतार-चढ़ाव भारतीय अर्थव्यवस्था को कैसे प्रभावित करता है? ऊर्जा सुरक्षा मजबूत करने के उपाय बताइए।

त्वरित पुनरावृत्ति

  • भारत–पोलैंड: 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार दोगुना करने का लक्ष्य।
  • TBM: सुरंग निर्माण और रणनीतिक आपूर्ति-श्रृंखला का महत्त्व।
  • Emissions Gap Report 2026: UNEP द्वारा जारी।
  • GRAP: वायु प्रदूषण बढ़ने पर चरणबद्ध कार्रवाई।
  • बद्र MoU: चार देशों की रक्षा औद्योगिक सहयोग पहल।
  • SBI डेटा मामला: साइबर सुरक्षा और निजी डेटा संरक्षण।
  • कच्चा तेल: आयात बिल, महँगाई और आर्थिक स्थिरता पर प्रभाव।

अभ्यास सुझाव: किसी एक मुख्य परीक्षा प्रश्न का 150–250 शब्दों में उत्तर लिखें और प्रमुख तथ्य अपनी पुनरावृत्ति-पुस्तिका में दर्ज करें।

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